Published:
07 Feb 2026, 07:52 AM
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Updated:
07 Feb 2026, 07:56 AM
Category:
उत्तराखंड
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By: Admin
लोधाघाट।
लधियाघाटी के दूरदराज के गांवों में वनों के संरक्षण और पर्यावरण जागरूकता के लिए सांस्कृतिक अभियान आयोजित किया गया। ग्रामीणों को जागरूक करने के लिए गीत-संगीत और लोक नृत्यों का सहारा लिया गया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि वन हमारी प्रकृति और संस्कृति के महत्वपूर्ण परिचायक हैं। ये हमें शुद्ध हवा और निर्मल पानी देते हैं, लेकिन बदले में कुछ नहीं मांगते। उन्होंने बताया कि आज की बदलती पर्यावरणीय परिस्थितियों में प्रत्येक व्यक्ति को वन संरक्षण और वृक्षारोपण के लिए सजग रहना चाहिए। यदि हम जंगलों की रक्षा नहीं करेंगे, तो आने वाले समय में शुद्ध हवा और पानी के लिए संघर्ष करना पड़ेगा।
इस अवसर पर ग्राम प्रधान अनीता देवी की अध्यक्षता में मां मंगलेश्वर लोक सांस्कृतिक दल के कलाकारों ने प्रेरक गीत और लोक नृत्य प्रस्तुत किए। कलाकारों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए समाज को वन संरक्षण और पर्यावरण बचाने का संदेश दिया। ग्रामीणों ने इस संदेश को सराहा और अपने जीवन में अमल करने का संकल्प लिया।
